10:33 AM | 30-03-2020

In my right testicle, the veins of testicle is larger and can seen from outside, the testicle size is also larger than my left testicle. How to cure?

The answers posted here are for educational purposes only. They cannot be considered as replacement for a medical 'advice’ or ‘prescription’. ...The question asked by users depict their general situation, illness, or symptoms, but do not contain enough facts to depict their complete medical background. Accordingly, the answers provide general guidance only. They are not to be interpreted as diagnosis of health issues or specific treatment recommendations. Any specific changes by users, in medication, food & lifestyle, must be done through a real-life personal consultation with a licensed health practitioner. The views expressed by the users here are their personal views and Wellcure claims no responsibility for them.

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3 Answers

03:20 PM | 31-03-2020

Hello Atul,

This condition is termed as hydrocele. Due to accumulation of toxins- due to having a sedentary lifestyle, continous sitting without any exercise, there is toxicity accumulation. Men are prone to have this, to react to the inflammation taking place in the body. The reason behind inflammation is the regular consumption of heavy fat diet and complex carbohydrates, gluten and milk, which are very heavy. These cause indigestion and we cannot absorb nutrients in its original form. Now that we are at home, it is time to go light on our stomach and utilise this time to achieve health. It is time to beat this inflammation in a healthy and effective way.

The main thing here is, it should be about everything, food, meditation, sleep and exercise which amalgamate for good health.


The first thing in the morning is to start your day with something light in nature. Easy to digest is what your breakfast should be because they are the kind of nutrients that get absorbed easily. Even the early morning ritual should include consumption of two-three glasses of warm water will help in flushing out all the toxins.

The ideal diet would be to depend on fruits and raw vegetable intake for at least one month and refrain from something oil-based.

  • One inch of ginger boiled in two cups of water with crushed garlic clove, boil them for 5-10 minutes. Consume this mixture two hours after the noon meal. This is best for beating inflammation.
  • Warm compression on hydrocele is a must, this will help in dilating blood vessels and you will get treated with the swelling.


  • Pranayam helps in detoxifying the body. Practising it early morning in an area which has good sunlight will help in improving blood circulation.
  • Suryanamaskar, daily 12 sets will help in increasing the blood circulation of your body.
  • Vajrasana has found to be very effective in hydrocele condition, as it gives relief to the scrotum. Try sitting in this posture whenever watching TV or talking at home


In any kind of disease, stress comes complementary to it. But with our assurance and positive attitude, we can treat anything. The best thing to start with is breathing mindfully before sleeping with the help of music to stay positive. In a room take a bowl of water and add two-three drops of orange or lavender essential oil. This will help in soothing you and the aroma will relax you and keep you away from any kind of disease.

Use a 15-minute relaxation technique before sleep by hearing a piece of soothing music and deep breathing will help in relaxing your mind.

A positive attitude will help you to deal with everything in life.


Sleeping for at least 7-8 hours is really helpful in dealing with any problem. Sleep is our body's natural response and helps the body to heal. Sleep relaxes the muscles and strengthens our body. During sleep, our body goes into a repair mechanism where it heals itself.

Hopefully, these suggestions will help you.

Thank you.

04:19 PM | 30-03-2020

कारण - पुरुषों में अक्सर अंडकोष के बढ़ने की समस्या होती है जिसे आमतौर पर हाइड्रोसील की समस्या भी कहा जाता है. यह समस्या पुरुषों के एक अंडकोष में या फिर दोनों अंडकोषों में भी हो सकती है. अंडकोष बढ़ने की समस्या तब होती है जब किसी कारणों से अंडकोष में अधिक पानी जमा हो जाता है. इसके कारण अंडकोष की थैली फूल जाती है और ऐसी स्थिति को हमलोग आमतौर पर हाइड्रोसील या प्रोसेसस वजायनेलिस या पेटेन्ट प्रोसेसस वजायनलिस भी कहते हैं। आंतों के स्वस्थ ना होने के कारण होता है। प्राकृतिक चिकित्सा पद्धति को अपनाकर इसे पूर्ण स्वस्थ किया जा सकता है

समाधान- 1. मेरुदंड स्नान काफी लाभकारी होता है यह हमारे स्नायु तंत्र को स्वस्थ रखता है । एक मोटा तोलिया लेकर उसको भिगो दें बिना निचोड़े योगा मैट पर बिछाए और उसके ऊपर कमर से लेकर के कंधे तक का हिस्सा रखें। उस गीले तौलिए पर रहे 20 मिनट के बाद इसको हटा दें। ऐसा करने से आप का मेरुदंड में रक्त और ऑक्सीजन का संचार ठीक हो जाएगा।

 2. हर 3 घंटे में लंबा गहरा श्वास अंदर लें उसको थोड़ी देर रोकें और फिर सांस को खाली करें। खाली करने के बाद फिर से रुके और फिर लंबा गहरा सांस ले। यह एक चक्र है ऐसा दिन में 10 चक्र करें केवल एक शर्त का पालन करें जब आप लंबा गहरा सांस ले रहे हैं तो अपनी रीढ़ की हड्डी को सीधा रखें ऐसा करने से आपके शरीर में ऑक्सीजन की मात्रा का बढ़ेगी और ऑक्सीजन का संचार सुचारू रूप से हो पाएगा।

3. हिप बाथ लें हफ्ते में 3 दिन नाभि तक तब में पानी भरकर उसमें बैठे और 20 मिनट बाद तब से निकले टब में नंगा होकर बैठ जाए। टब मैं पानी ताजा ठंडा होना चाहिए। (यानी आगे से गर्म किया हुआ ना हो ना बर्फ से किया हुआ ठंडा हो) पानी 4 या 5 इंच से अधिक गहरा ना हो यानी इतना सा गहरा हो कि चूतड़, पांव, और इंद्रियां आदि का अधिकांश भाग जल में डूबा रहे। सिर्फ पांव और चूतड़ पैंदे में टिके रहे और घुटने पानी से ऊपर उठे हुए रहने चाहिए यानी उकड़ू बैठना चाहिए। इसके बाद पांव, घुटने सीधे कर दिए जाएँ यानी फैला दिए जाएँ। इस तरह की तब के दोनों सिरों को छू जाए और एक हाथ से पानी पेडू पर जोर से फेंका जाए। दूसरे हाथ से जल्दी-जल्दी पेडू को बीच में व दोनों तरफ व ऊपर नीचे सब तरफ मलना चाहिए यानी एक हाथ से पेडू पर पानी फेंकते रहना चाहिए और दूसरे हाथ से पेडू व पेट के सभी हिस्से मिलते रहना चाहिएस्नान करने वाली स्त्री हो तो उसे चाहिए कि वह अपने गुप्त भागों को पानी के अंदर खूब मले और धोएँ। जंघा से ऊपर के व पेट के सभी भाग पानी में खूब अच्छी तरह मले व धोए जाए। इसी प्रकार पुरुष भी अपनी इंद्रियों को व गूदा व इंद्रिय के बीच के भाग को पानी में खूब धोए व मले। यह क्रिया 5 से 15 मिनट तक की जाए। इसके बाद सारे शरीर पर पानी डालकर स्नान कर डालना चाहिए और खूब हाथों से मल कर स्नान कर लेना चाहिए। इस तरीके से रक्त संचार में शुद्धि आएगी।

4, जितना हो सके कच्चे हरे पत्तों का जूस छानकर पिए जैसे पालक, दूब घास, बेलपत्र, धनिया पत्ता, तुलसी का पत्ता इन्हें अलग-अलग टाइम पर पीसकर 200ml पानी मिलाकर छानकर पीएं खाली पेट इन पत्तों का जूस बहुत ही ज्यादा लाभदायक होता है। यह रक्त को शुद्ध करेगा।

 5. 20 मिनट सूर्य की रोशनी में अपने शरीर को रखें सिर और आंख को किसी सूती कपड़े से ढक करके 5 मिनट बैक 5 मिनट फ्रंट 5 मिनट लेफ्ट 5 मिनट राइट साइड धूप लगाए। धूप लेट कर लगाने से ज्यादा फायदा करता है।

ऐसा करने से शरीर में पल रहे विषाणु मूर्छित हो जाएंगे।

 6. पेट के ऊपर एक गिला कपड़ा लपेट कर रखें 20 मिनट तक उसको लपेटे रखें इससे आंत को ठंडक पहुंचेगी और विषाक्त कणों को निष्कासन में मदद मिलेगा।

7. हर 3 घंटे में लंबा गहरा श्वास अंदर लें उसको थोड़ी देर रोकें और फिर सांस को खाली करें। खाली करने के बाद फिर से रुके और फिर लंबा गहरा सांस ले। यह एक चक्र है ऐसा दिन में 10 चक्र करें केवल एक शर्त का पालन करें जब आप लंबा गहरा सांस ले रहे हैं तो अपनी रीढ़ की हड्डी को सीधा रखें ऐसा करने से आपके शरीर में ऑक्सीजन की मात्रा का बढ़ेगी और ऑक्सीजन का संचार सुचारू रूप से हो पाएगा।

जीवन शैली - 1. आकाश तत्व - एक खाने से दुसरे खाने के बीच में अंतराल (gap) रखें।

फल के बाद 3 घंटे, सलाद के बाद 5 घंटे, और पके हुए खाने के बाद 12 घंटे का (gap) रखें।

2.वायु तत्व - प्राणायाम करें, आसन करें। दौड़ लगाएँ।

3.अग्नि - सूर्य की रोशनी लें।

4.जल - अलग अलग तरीक़े का स्नान करें। मेरुदंड स्नान, हिप बाथ, गीले कपड़े की पट्टी से पेट की गले और सर की 20 मिनट के लिए सेक लगाए। 

स्पर्श थरेपी करें। मालिश के ज़रिए भी कर सकते है।

तिल के तेल रीढ़ की हड्डी पर घड़ी की सीधी दिशा (clockwise) में और घड़ी की उलटी दिशा (anti clockwise)में मालिश करें। नरम हाथों से बिल्कुल भी प्रेशर नहीं दें।

5.पृथ्वी - सुबह खीरा 1/2 भाग धनिया पत्ती (10 ग्राम) पीस लें, 100 ml पानी मिला कर पीएँ। यह juice आप कई प्रकार के ले सकते हैं। पेठे (ashgourd) का जूस लें और कुछ नहीं लेना है। नारियल पानी भी ले सकते हैं। पालक  पत्ते धो कर पीस कर 100ml पानी डाल पीएँ। दुब घास 25 ग्राम पीस कर छान कर 100 ml पानी में मिला कर पीएँ। कच्चे सब्ज़ी का जूस आपका मुख्य भोजन है। 2 घंटे बाद फल नाश्ते में लेना है। 

फल को चबा कर खाएँ। इसका juice ना लें। फल सूखे फल नाश्ते में लें।

दोपहर के खाने में सलाद नट्स और अंकुरित अनाज के साथ  सलाद में हरे पत्तेदार सब्ज़ी को डालें और नारियल पीस कर मिलाएँ। कच्चा पपीता 50 ग्राम कद्दूकस करके डालें। कभी सीताफल (yellow pumpkin) 50 ग्राम ऐसे ही डालें। कभी सफ़ेद पेठा (ashgourd) 30 ग्राम कद्दूकस करके डालें। ऐसे ही ज़ूकीनी 50 ग्राम डालें।कद्दूकस करके डालें।कभी काजू बादाम अखरोट मूँगफली भिगोए हुए पीस कर मिलाएँ। 

लाल, हरा, पीला शिमला मिर्च 1/4 हिस्सा हर एक का मिलाएँ। लें। बिना नींबू और नमक के लें। स्वाद के लिए नारियल और herbs मिलाएँ।

रात के खाने में इस अनुपात से खाना खाएँ 2 कटोरी सब्ज़ी के साथ 1कटोरी चावल या 1रोटी लेएक बार पका हुआ खाना रात को 7 बजे से पहले लें।

6. एक नियम हमेशा याद रखें ठोस (solid) खाने को चबा कर तरल (liquid) बना कर खाएँ। तरल  को मुँह में घूँट घूँट पीएँ। खाना ज़मीन पर बैठ कर खाएँ। खाते वक़्त ना तो बात करें और ना ही TV और mobile को देखें।ठोस  भोजन के तुरंत बाद या बीच बीच में जूस या पानी ना लें। भोजन हो जाने के एक घंटे बाद तरल पदार्थ ले सकते हैं।

हफ़्ते में एक दिन उपवास करें। शाम तक केवल पानी लें, प्यास लगे तो ही पीएँ। शाम 5 बजे नारियल पानी और रात 8 बजे सलाद लें।

7. उपवास के अगले दिन किसी प्राकृतिक चिकित्सक के देख रेख में टोना लें। जिससे आँत की प्रदाह को शांत किया जा सके। एनिमा किट मँगा लें। यह किट ऑनलाइन मिल जाएगा। इससे 200ml पानी गुदाद्वार से अंदर डालें और प्रेशर आने पर मल त्याग करें। ऐसा दिन में दो बार करना है अगले 21 दिनों के लिए। ये करना है ताकि शरीर में मोजुद विषाणु निष्कासित हो जाये। इसके बाद हफ़्ते में केवल एक बार लेना है उपवास के अगले दिन। टोना का फ़ायदा तभी होगा जब आहार शुद्धि करेंगे।



प्राकृतिक जीवनशैली प्रशिक्षिका व मार्गदर्शिका (Nature Cure Guide & Educator)

09:04 PM | 30-03-2020

Diet and water based treatments ( hydrotherapy) will help you to correct this problem. 
Diet prescription: 
Start with fresh fruit diet atleast for7 - 10 days. Bananas and tinned food items should be avoided. 
Fruits such as apples, pears,grapes, oranges,melon, pineapple or any other seasonal fruits can be taken. 
Diet plan
Raw salad or grated raw carrots 
Lunch -
Boiled vegetables or vegetable soup
Full plate raw salad with whole wheat bread and butter. Dry fruits as dessert can be added.
This diet plan should continue for 5 days and should be repeated monthly.  
Diet plays a very important role.
Avoid alcohol, coffee, tea, pickles, sauces, and packed items. 
Water treatment is extremely beneficial in curing hydrocele. 
# Cold hip bath twice daily for 10 min. 
An ordinary tub can be used easily with keeping legs outside.
Sunbathing is also beneficial.  Stand in the sun with minimal dressing for 15 min in the morning sunlight.  

10:59 AM | 02-04-2020

Ma'am can I sit in tub and only area of genital and the testicle are in water . Is this position is right.


09:04 AM | 02-04-2020

Ma'am one more question does hydrotherapy means cold water does affect the genitals areas which is proper or have no problem.

Dr. Poornima Bansal

10:41 AM | 02-04-2020

Hydrotherapy is the water treatment in solid liquid and vapour form. The effect of water treatment is given in different temperatures for different diseases. And if we say for healthy person the hydrotherapy helps to make the body system work in more systematic way.
The proper blood supply and nutrients supply increases for healthy persons too. Sitz bath is good for genitals.

01:14 PM | 31-03-2020

Thankyou Ma'am


12:18 PM | 31-03-2020

I have talk yo doctor they said it can be sure by surgery only . Can yoga cure it ..

Dr. Poornima Bansal

12:23 PM | 31-03-2020

Yes atul if it is acute stage then following all the treatments I explained including hydrotherapy. It is sure to treat. If is very chronic and the treatments are not working then only go for surgery .

12:18 PM | 31-03-2020

Thankyou for your reply . Blessing ...


12:03 PM | 31-03-2020

My age is 20 . The testicle size is little large then left testicle and also there are veins that can be seen on above testicle.

Dr. Poornima Bansal

12:12 PM | 31-03-2020

Ok Atul ji.
Don't worry this problem usually happen in adults.
The yogasana explained is very effective and is good for you if you continuously practice for atleast 20 days without fail.

Practice pranayama also
1. Nadi Shodhana
2. Bhastrika
With moola bandha.

Note : you should restrict too much salt intake and rice .
Instead of white salt , black salt can be used . Instead of white rice, brown rice or Millets can be used.

I hope you will follow sincerely and get rid from it.

11:23 PM | 30-03-2020

Any yoga which can help and I think it's varicocele the veins above the balls is too large and can be seen.

Dr. Poornima Bansal

11:55 AM | 31-03-2020

Ok Atul ji.
Please mention your age so that accordingly the diagnosis and treatment can be explained in better way.
Varicocele is caused by dilated or enlarged veins of testicles, if it is the confirmed case for you.
There are different yogic ways to treat this condition.
The best asana you can practice daily atleast for 5- 10 times is KANDHARASANA (shoulder pose) should be practiced early morning empty stomach .
Procedure of Kandharasana:
1. Firstly lie flat on the back(supine position ).
2.Then bend the both the knees ,keeping soles flat on floor and heels should touch the buttocks.
3. Then grasp the ankles with the hands . Raise the buttocks and arch the back in upward movement.
4. Hold the pose for 3 - 5 sec in beginning then gradually increase the time according to your comfort .
5. Lastly release the ankles and relax the legs outstretched.
NOTE : Be aware of breath in the entire practice. Starting with inhalation ( taking air inside ) and then holding the breath while raising buttocks to maintain final position . Then slowly exhaling while releasing the pose or asana .

If you have any ulcer( peptic or duodenal) then avoid it and let me know .
Thank you.

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