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Q&A
10:39 AM | 08-06-2020

I am suffering from ibd (crohn's) from last four years. Now I am suffering from indigestion & loose stool. How could I improve my digestion?


The answers posted here are for educational purposes only. They cannot be considered as replacement for a medical 'advice’ or ‘prescription’. ...The question asked by users depict their general situation, illness, or symptoms, but do not contain enough facts to depict their complete medical background. Accordingly, the answers provide general guidance only. They are not to be interpreted as diagnosis of health issues or specific treatment recommendations. Any specific changes by users, in medication, food & lifestyle, must be done through a real-life personal consultation with a licensed health practitioner. The views expressed by the users here are their personal views and Wellcure claims no responsibility for them.

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4 Answers

08:12 PM | 09-06-2020

Hello Soham, 

Regular consumption of fatty diet and highly spiced food leads to indigestion which causes gastric trouble which includes Crohn's disease which happens due to inflammation. Toxins are the primary cause of gastric trouble. Our sedentary lifestyle also plays a role in this picture. What needs to be taken care of now is the fact that a major change in lifestyle and diet will be the cure of the problem.

In digestive problems with the consumption of this kind of food, the problem is, from the oesophagus to rectum everything is disturbed. The toxins are in the body, call it to stomach ulcers or gastritis, they relate to the same cause. With a healthy change in routine, what makes a major difference is by changing lifestyles, that we are not only curing the disease at this stage but also preventing future relapses.

Now let us understand what changes we can make:

Eat:

Starting your day with something light in nature and easy to digest is what your breakfast should be. Even the early morning ritual should include consumption of two-three glasses of warm water will help in flushing out all the toxins.

  1. Including a fiber-rich food item that helps in adding bulk to the stools, for example having apples, bananas, nuts, etc. which have a good amount of fiber in them.
  2. Have one tomato with black pepper in the evening time an hour before dinner.
  3. During evening time, take an inch of ginger and boil in two cups of water with half a teaspoon of turmeric and honey, this will help in beating inflammation caused by indigestion.

Exercise:

  • Sitting in the position of Vajraasana will help in the treatment of indigestion. After your meals practice, this poses for better digestion and easy stools.
  • A brisk walk in early morning sun from 30-45 minutes helps in treating your body to its level best.

Meditation:

In any kind of disease, stress comes complementary to it, but with our assurance and positive attitude, we can treat anything. The best thing to start with is breathing mindfully before sleep with the help of music to stay positive.

A positive attitude will help you to deal with everything in life.

Sleep:

Sleeping for at least 7-8 hours is helpful in dealing with any problem, sleep is our body's natural response and helps the body to heal. Sleep relaxes the muscles and strengthens our body.

Hopefully, these suggestions will help you

Thank you.



12:59 PM | 11-06-2020

Hello Soham,

Crohn's disease is a form of inflammatory bowel disease which causes inflammation in the mucosa of the intestine. It causes loose stools which are usually associated with blood and mucous. The possible causes for this may be immune system malfunction, stress, or hereditary. 

Diet to follow- 

  • Start the day with a glass of warm water with lemon juice in it. This will help to boost your metabolism in the morning. 
  • Drink green tea twice a day, one in the morning on an empty stomach and the other at night before sleeping. 
  • Eat only plant-based natural foods in your diet.
  • Eat fresh, seasonal, and locally available fruits and vegetables. 
  • Drink freshly prepared homemade fruit juices. 
  • Have whole grains like barley, millets, oats, etc in place of refined grains. 
  • Have brown rice in place of white rice.
  • Drink plenty of water throughout the day. 
  • Avoid dairy foods and animal foods.
  • Avoid tea, coffee, and other such caffeinated drinks. 
  • Avoid carbonated drinks. 
  • Avoid irritating substances like alcohol and tobacco.

Exercise 

Light exercises to improve the metabolism and digestive functions are essential for every person.

  • Start your morning with a short walk of at least 30min. 
  • Do tada asana, vriksha asana, trikona asana, parvat asana. 
  • Do pranayam regularly, specially anulom-vilom pranayam. 
  • Take early morning sun rays daily. 

Sleep

Sleeping is important for good metabolism. So, take proper sleep of at least 7-8 hours daily. Sleep early at night and also wake up early in the morning. 

Avoid using electronic devices 1hour before sleeping. Read books before sleeping to improve the quality of sleep. 

Thank you 

 



01:51 PM | 08-06-2020

हेलो,
कारण - इर्रिटेबल बाउल सिंड्रोम (आईबीएस) एक आम विकार है, जो बड़ी आंत (कोलन) को प्रभावित करता है। यह आमतौर पर ऐंठन, पेट दर्द, सूजन, गैस, दस्त  का कारण बनता है। आईबीएस एक दीर्घकालिक अवस्था है, जिसकी आपको लम्बे समय तक देखभाल करने की आवश्यकता पड़ती है। यह आंतों में इन्फ्लेमेशन के कारण होता है।  खाना जो देर तक पचता नहीं है और शरीर के अंदर काफी लंबे समय तक सड़ रहा होता है उसके वजह से यह संक्रमण होता है। विषाणु को पनपने के लिए शरीर में अम्लीयता होना जरूरी होता है।  लंबे समय तक खराब हाजमा और कब्ज के कारण यह स्थिति उत्पन्न होती है प्राकृतिक चिकित्सक के देखरेख में प्राकृतिक चिकित्सा पद्धति को अपनाकर आप पूर्ण रूप से स्वास्थ्य पा सकते हैं।

समाधान- 1. चार भिंडी को लंबा काटकर एक गिलास पानी में डाल दें और सुबह खाली पेट नेचुरल मोशन होने से पहले उसको पी लें। पीते वक्त इस बात का ध्यान रखें कि पानी को मुंह में रख रख के पिए। जितना हो सके कच्चे हरे पत्तों का जूस छानकर पिए। जैसे पालक, दूब घास, बेलपत्र, धनिया पत्ता, तुलसी का पत्ता इन्हें अलग-अलग टाइम पर पीसकर 200 ml पानी मिलाकर छानकर पीएं खाली पेट इन पत्तों का जूस बहुत ही ज्यादा लाभदायक होता है। यह रक्त को शुद्ध करेगा। आंतों के संक्रमण को दूर करेगा

लिक्विड सॉलिड लिक्विड फास्ट इस rythm को लेकर चलें।

21 days तक ऐसा करके फिर प्राकृतिक चिकित्सा के आहार शैली को अपनाए।

 2. 20 मिनट सूर्य की रोशनी में अपने शरीर को रखें सिर और आंख को किसी सूती कपड़े से ढक करके 5 मिनट बैक 5 मिनट फ्रंट 5 मिनट लेफ्ट 5 मिनट राइट साइड धूप लगाए। धूप लेट कर लगाने से ज्यादा फायदा करता है।

ऐसा करने से शरीर में पल रहे विषाणु मूर्छित हो जाएंगे।

 3. पेट के ऊपर एक गिला कपड़ा लपेट कर रखें 20 मिनट तक उसको लपेटे रखें इससे आंत को ठंडक पहुंचेगी और विषाक्त कणों को निष्कासन में मदद मिलेगा। अलग अलग तरीक़े का स्नान करें। मेरुदंड स्नान, हिप बाथ, गीले कपड़े की पट्टी से पेट की गले और सर की 20 मिनट के लिए सेक लगाए। 

स्पर्श थरेपी करें। मालिश के ज़रिए भी कर सकते है।

तिल के तेल रीढ़ की हड्डी पर घड़ी की सीधी दिशा (clockwise) में और घड़ी की उलटी दिशा (anti clockwise)में मालिश करें। नरम हाथों से बिल्कुल भी प्रेशर नहीं दें।

4. हर 3 घंटे में लंबा गहरा श्वास अंदर लें उसको थोड़ी देर रोकें और फिर सांस को खाली करें। खाली करने के बाद फिर से रुके और फिर लंबा गहरा सांस ले। यह एक चक्र है ऐसा दिन में 10 चक्र करें केवल एक शर्त का पालन करें जब आप लंबा गहरा सांस ले रहे हैं तो अपनी रीढ़ की हड्डी को सीधा रखें ऐसा करने से आपके शरीर में ऑक्सीजन की मात्रा का बढ़ेगी और ऑक्सीजन का संचार सुचारू रूप से हो पाएगा।

5.पृथ्वी - सुबह खीरा 1/2 भाग धनिया पत्ती (10 ग्राम) पीस लें, 100 ml पानी मिला कर पीएँ। यह juice आप कई प्रकार के ले सकते हैं। पेठे (ash guard ) का जूस लें और कुछ नहीं लेना है। नारियल पानी भी ले सकते हैं। पालक  पत्ते धो कर पीस कर 100 ml पानी डाल पीएँ। दुब घास 25 ग्राम पीस कर छान कर 100 ml पानी में मिला कर पीएँ। कच्चे सब्ज़ी का जूस आपका मुख्य भोजन है। 2 घंटे बाद फल नाश्ते में लेना है। 

फल को चबा कर खाएँ। इसका juice ना लें। फल सूखे फल नाश्ते में लें।

दोपहर के खाने में सलाद नट्स और अंकुरित अनाज के साथ  सलाद में हरे पत्तेदार सब्ज़ी को डालें और नारियल पीस कर मिलाएँ। कच्चा पपीता 50 ग्राम कद्दूकस करके डालें। कभी सीताफल ( yellow pumpkin)50 ग्राम ऐसे ही डालें। कभी सफ़ेद पेठा (ash guard) 30 ग्राम कद्दूकस करके डालें। ऐसे ही ज़ूकीनी 50 ग्राम डालें।कद्दूकस करके डालें।कभी काजू बादाम अखरोट मूँगफली भिगोए हुए पीस कर मिलाएँ। 

लाल, हरा, पीला शिमला मिर्च 1/4 हिस्सा हर एक का मिलाएँ। लें। बिना नींबू और नमक के लें। स्वाद के लिए नारियल और herbs मिलाएँ।

रात के खाने में इस अनुपात से खाना खाएँ 2 कटोरी सब्ज़ी के साथ 1कटोरी चावल या 1रोटी लेएक बार पका हुआ खाना रात को 7 बजे से पहले लें।

6. एक नियम हमेशा याद रखें ठोस(solid) खाने को चबा कर तरल (liquid) बना कर खाएँ। तरल  को मुँह में घूँट घूँट पीएँ। खाना ज़मीन पर बैठ कर खाएँ। खाते वक़्त ना तो बात करें और ना ही TV और mobile को देखें।ठोस  भोजन के तुरंत बाद या बीच बीच में जूस या पानी ना लें। भोजन हो जाने के एक घंटे बाद तरल पदार्थ ले सकते हैं।

हफ़्ते में एक दिन उपवास करें। शाम तक केवल पानी लें, प्यास लगे तो ही पीएँ। शाम 5 बजे नारियल पानी और रात 8 बजे सलाद लें।

7. उपवास के अगले दिन किसी प्राकृतिक चिकित्सक के देख रेख में टोना लें। जिससे आँत की प्रदाह को शांत किया जा सके। एनिमा किट मँगा लें। यह किट ऑनलाइन मिल जाएगा। इससे 200 ml पानी गुदाद्वार से अंदर डालें और प्रेशर आने पर मल त्याग करें। ऐसा दिन में दो बार करना है अगले 21 दिनों के लिए। ये करना है ताकि शरीर में मोजुद विषाणु निष्कासित हो जाये। इसके बाद हफ़्ते में केवल एक बार लेना है उपवास के अगले दिन। टोना का फ़ायदा तभी होगा जब आहार शुद्धि करेंगे।

धन्यवाद।

रूबी, 

प्राकृतिक जीवनशैली प्रशिक्षिका व मार्गदर्शिका (Nature Cure Guide & Educator)

 



11:10 AM | 08-06-2020

Dear Soham,

IBS or irritable bowel syndrome is a chronic digestive problem. We do appreciate that it is a troublesome condition and does start affecting one's day-to-day functioning. This issue has often been discussed on our platform and we also have some resources that we would like to share with you. Before that, please consider this - as per nature cure, the main root cause of all kinds of disease or discomfort is TOXAEMIA - accumulation of toxins within the body.  While some toxins are an output of metabolism, others are added due to an unnatural lifestyle – wrong food habits, lack of rest, stress etc. If not eliminated, the toxins get built up and cause diseases. While the body has an innate capacity to get rid of the toxins, it needs to be supported by way of providing it with the right inputs. 

Adopting a natural lifestyle will help you reclaim your skin health. We suggest you take a personal consultation with our Natural Health Coach who can understand your background better & suggest the way forward. You can explore our Nature-Nurtures Program for the same. The Natural Health Coach will guide you on diet, sleep, exercise, stress, etc to correct your existing routine & make it in line with Natural Laws. Let us know if you are interested.

In the meanwhile, you may want to explore the following resources:

  1. Blog
     

  2. Real-life natural healing stories of people who cured digestive issues just by following Natural Laws

Wishing you good health!

Team Wellcure


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